चाहते हैं चैटजीपीटी तेजी से सोचे? अब ओपनएआई ने यूजर्स के लिए नए मोड लॉन्च किए

ओपनएआई ने चैटजीपीटी के लिए नई सुविधाएं पेश की हैं, जो उपयोगकर्ताओं को एआई मॉडल की सोचने की गति को नियंत्रित करने की अनुमति देती हैं। यह अपडेट विशेष रूप से GPT-5 मॉडल के साथ जुड़ा हुआ है, जो अगस्त 2025 में लॉन्च किया गया था। कंपनी के अनुसार, ये नए मोड उपयोगकर्ताओं को तेज प्रतिक्रियाओं के साथ-साथ गहन विश्लेषण के विकल्प प्रदान करते हैं। यह बदलाव चैटजीपीटी की कार्यक्षमता को और अधिक लचीला बनाने के उद्देश्य से किया गया है।

चैटजीपीटी के प्रीमियम सब्सक्राइबर्स, जैसे प्लस, प्रो और बिजनेस यूजर्स, अब ‘थिंकिंग’ मोड में समय विकल्प चुन सकते हैं। ओपनएआई के हेल्प सेंटर के रिलीज नोट्स के मुताबिक, उपयोगकर्ता ‘ऑटो’, ‘फास्ट’ और ‘थिंकिंग’ मोड के बीच चयन कर सकते हैं। ‘फास्ट’ मोड में GPT-5 तेज उत्तर प्रदान करता है, जबकि ‘थिंकिंग’ मोड में मॉडल अधिक समय लेकर गहन सोच के साथ सटीक प्रतिक्रियाएं देता है। ‘ऑटो’ मोड स्वचालित रूप से इन दोनों के बीच स्विच करता है, जो जटिल समस्याओं के लिए उपयुक्त है। इंडिया टुडे की रिपोर्ट के अनुसार, थिंकिंग मोड में अतिरिक्त विकल्प जैसे ‘स्टैंडर्ड’ और ‘एक्सटेंडेड’ उपलब्ध हैं। ‘स्टैंडर्ड’ मोड गति और बुद्धिमत्ता का संतुलन बनाए रखता है, जबकि ‘एक्सटेंडेड’ मोड डिफॉल्ट रूप से प्लस यूजर्स के लिए पहले से था।

ओपनएआई ने इन मोड्स को GPT-5 के रोलआउट के हिस्से के रूप में पेश किया है, जो सभी प्लस, प्रो, टीम और फ्री यूजर्स के लिए उपलब्ध है। न्यू यॉर्क टाइम्स की खबर के अनुसार, GPT-5 एक रीजनिंग मॉडल है जो जटिल समस्याओं पर सोचने का समय लेता है, जिससे प्रतिक्रियाएं अधिक सटीक और कम ‘हैलुसिनेशन’ वाली होती हैं। सैम ऑल्टमैन, ओपनएआई के सीईओ, ने इसे एक महत्वपूर्ण अपग्रेड बताया है। हालांकि, फ्री टियर यूजर्स को 10 मैसेज हर 5 घंटे की सीमा के बाद मिनी वर्शन का उपयोग करना पड़ सकता है।

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ये मोड वर्तमान में चैटजीपीटी वेब वर्शन पर उपलब्ध हैं, और एंड्रॉयड या आईओएस ऐप्स पर आने की कोई जानकारी नहीं दी गई है। इंडिया-स्पेसिफिक चैटजीपीटी गो सब्सक्राइबर्स को ये टाइम मोड्स नहीं मिलेंगे, जैसा कि फ्री यूजर्स को। ओपनएआई ने एक्स पर पोस्ट करके कहा कि यूजर्स ने थिंकिंग मोड में तेज प्रतिक्रियाओं की मांग की थी, इसलिए ये कस्टमाइजेशन विकल्प जोड़े गए।

GPT-5 की यह सुविधा चैटजीपीटी को कोडिंग, विज्ञान प्रश्नों, डेटा विश्लेषण जैसी जटिल कार्यों के लिए अधिक उपयोगी बनाती है। कंपनी का कहना है कि यह अपडेट यूजर्स की फीडबैक पर आधारित है, जो मॉडल को अधिक अप्रोचेबल और सहायक बनाता है। कुल मिलाकर, ये नए मोड चैटजीपीटी की गति और सटीकता को बढ़ाने में मदद करेंगे।

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